बच्चों का भविष्य हो रहा बरबाद, योजनाऐं भी तोड़ रही दम

बच्चों का भविष्य हो रहा बरबाद, योजनाऐं भी तोड़ रही दम

आपकी जानकारी के लिये बता दें कि हाल ही में हमनें आपको रतनपुर स्थित मेंन्ड्रापारा प्राथमिक शाला में शाला भवन की फर्श मरम्मत के नाम पर विवकास खंड शिक्षा अधिकारी की मौखिक फरमान वजह से बच्चों को पेड़ के नीचे बैठकर शिक्षा ग्रहण किये जाने की मजबूरी की खबर बडी प्रमुखता के साथ हमनें दिखलाई थी जिसमें विकासखंड शिक्षा अधिकारी को शिक्षा विभाग की ओर से चेतावनी और फटकार मिली थी।

जर्जर भवन के  बरामदें में शिक्षा

आनन फानन में ना जाने कैसे उन्होनें फलोरिंग तो करवाने का आदेश दे दिया लेकिन साथ साथ बच्चों के बैठने के इंतजाम को लेकर शिक्षकों को फटकार लगाते हुए बरसों से बंद पूरानें जर्जर भवन के कक्ष में कक्षाऐं चलाने का फरमान जारी कर दिया ऐसे में बच्चों को उसी जर्जर भवन के  बरामदें में शिक्षा भी दी जा रही है जहां चुल्हे में मध्यान भोजन पकाया जा रहा है ऐसे में जहां बच्चे धुऐं में अपने स्वास्थ्य खराब करते ज्ञान प्राप्त कर रहे है वहीं बरसों से बंद जर्जर भवन कब भरभराकर धराशायी हो जाये कोई भरोसा नहीं ऐसे में बच्चों के साथ साथ शिक्षकों की जान को खतरा है।

वहीं पालकों नें भी नराजगी प्रकट की है

वहीं जहां उज्जवला योजना से गरीबों को धुए से बचानें केन्द्र और राज्य सरकार मुफत में गैस चुल्हा बांट कर बीमारी के साथ साथ वनों को बचाने का प्रयास करने में जुटी है वहीं उन्ही परिवारों के बच्चे धुंऐं में शिक्षा ग्रहण करने में जूटे है जो शासन प्रशासन के गाल पर एक तमाचा है बहरहाल बच्चों की जिन्दगी दांव पर लगाने वाली शिक्षा अधिकारी को इतनी फुर्सत भी नहीं की नवनिहालों की सुध लें लेती देखना होगा कि अखिकार बच्चों की जिन्दगी दांव पर लगाने वाली शिक्षा अधिकारी की कुभंकर्णीय नींद कब टुटेगी।

 


Share
Bulletin