Jul 2, 2018
प्रदेश में उच्च शिक्षा में अपनी सेवाएं प्रदान करने वाले अतिथि व्याख्याता संघ ने अपनी मांगों को लेकर उच्च शिक्षा मंत्री प्रेमप्रकाश पाण्डे से मुलाकात की बीते कई सालों से कालेजो में अपनी सेवाएं देने वाले व्याख्याताओ को सरकार की नीतियों की वजह से आये दिन परेशानी का सामना करना पड़ता है उन्हें न तो अनुभव के आधार पर अंक दिया जाता है और न ही उचित वेतन वही नियमित प्राध्यापक की नियुक्ति होने पर उन्हें निकाले जाने का डर भी बना रहता है।
कुछ उच्च शिक्षण संस्थाओं में परीक्षा के दौरान भी इनकी सहायता नही ली जाती जबकि इनके स्थान पर 12 पढ़े शिक्षक से परीक्षा करवा ली जाती है जो कि यूजीसी के नियमो के विरुद्ध है पिछले 17 और 19 सालो से अपनी सेवाएं देने के बाद इन व्याख्याताओ का कहना है कि कई बार अचानक उन्हें हटा देने की स्थिति में वे अब और कोई दूसरा काम नही कर सकते उन्होंने अपने जीवन का एक बड़ा समय इसी क्षेत्र को दिया है।
इसीलिए सरकार को उनकी माँगो को मानना चाहिए अपनी इन्ही तमाम मांगो लेकर इन व्याख्याताओ ने उच्च शिक्षामंत्री से मुलाकात कर अपनी मांगों से सरकार को अवगत कराया उनका कहना था कि मध्यप्रदेश में जब सरकार ने अतिथि व्याख्याता की मांगो को देखते हुए उन्हें सुविधएं दी तो छः ग सरकार को भी इसे लागू करना चहिये।








