Jan 24, 2023
Basant Panchami 2023: धार्मिक मान्यता के अनुसार बसंत पंचमी के दिन पूजा में पीले वस्त्र धारण करना और पीली वस्तुओं का प्रयोग करना बहुत ही शुभ माना जाता है। आइए जानते हैं इसके पीछे क्या कारण है?
हिन्दू पंचांग के अनुसार हर साल माघ मास के शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को बसंत पंचमी का पर्व मनाया जाता है। इस वर्ष यह पर्व 26 जनवरी 2023 दिन गुरुवार को मनाया जाएगा। इस दिन देवी सरस्वती की विधि-विधान से पूजा की जाती है। इस दिन विद्या, संगीत और मां सरस्वती की पूजा की जाती है। वहीं संगीत प्रेमियों और छात्रों के लिए यह पर्व बेहद खास होता है। मान्यता है कि इस दिन मां सरस्वती की पूजा करने से मां की कृपा प्राप्त होती है।
अक्सर आपने देखा होगा कि बसंत पंचमी के दिन पूजा के दौरान लोग पीले रंग के कपड़े पहनते हैं। साथ ही मां को पीला प्रसाद और पीले फूल चढ़ाए जाते हैं। धार्मिक मान्यता के अनुसार इस दिन पीले वस्त्र धारण करना और पूजा में पीली वस्तुओं का प्रयोग करना बहुत ही शुभ माना जाता है। लेकिन क्या आप इसके पीछे की वजह जानते हैं? तो आइए जानते हैं क्यों इस दिन पीले रंग का इतना खास महत्व है।
शास्त्रों में माना गया है कि पीला रंग शुभ, शुद्ध और कल्याणकारी होता है। साथ ही यह रंग सुख-शांति देता है। मान्यताओं के अनुसार पीला रंग मां सरस्वती का प्रिय रंग है। ऐसा कहा जाता है कि जब सरस्वती अवतरित हुई थीं, तब ब्रह्मांड में लाल, पीले और नीले रंग थे और सबसे पहले पीले रंग को देखा गया था।
दूसरा कारण यह भी है कि वसंत पंचमी से वसंत ऋतु की शुरुआत होती है और इस दौरान सरसों के खेत खिल जाते हैं और चारों ओर सरसों के पीले फूल दिखाई देने लगते हैं। वहीं, बसंत पंचमी के दौरान मौसम भी सुहावना हो जाता है। चारों तरफ प्रकृति पीले और सुनहरे रंग में नजर आती है, इसलिए इस दिन लोग पीले रंग के कपड़े पहनते हैं। साथ ही इस मां को पीले रंग का प्रसाद भी चढ़ाया जाता है और फल-फूल भी पीले रंग से रंगे जाते हैं।