Jun 27, 2017
बिलासपुर : नसबंदी कांड के फरार आरोपी राकेश खरे को पुलिस की स्पेशल टीम ने कांग्रेस नेता के कोनी स्थित होटल कंट्री क्लब से गिरफ्तार कर लिया हैं। आरोपी को न्यायालय के आदेश पर जेल भेज दिया गया हैं।
बिलासपुर के नसबंदी ऑपरेशन के बाद महिलाओं की मौत के मामले में चकरभाठा और सिरगिट्टी पुलिस ने डॉक्टर आरके गुप्ता, महावर फार्मा व कविता फार्मा के डायरेक्टरों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया था। पुलिस की धरपकड़ शुरू होते ही राकेश खरे फरार हो गया था। न्यायालय ने उसके खिलाफ स्थाई वारंट जारी किया था। पुलिस की विशेष टीम को प्रदेश कांग्रेस महामंत्री अटल श्रीवास्तव के कोनी स्थित होटल कंट्री क्लब के रूम नंबर 206 में राकेश खरे के छिपे होने की सूचना मिली। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नीरज चंद्राकर के नेतृत्व में टीम ने छापा मारकर उसे गिरफ्तार कर लिया। आरोपी को मंगलवार को बिल्हा जेएमएफसी कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट के आदेश पर आरोपी को जेल भेज दिया हैं। नसबंदी कांड मामले में अन्य आरोपियों को जमानत मिल चुकी हैं। गौरतलब हैं कि नसबंदी कांड के बाद भाजपा ने महावर फार्मा व कविता फार्मा के डायरेक्टरों के साथ कांग्रेस नेता अटल श्रीवास्तव के व्यावसायिक संबंध होने का आरोप लगाया था। इसे लेकर सिविल लाइन थाने में प्रदर्शन भी किया गया था। हालांकि कांग्रेस नेता श्रीवास्तव ने दोनों से किसी भी प्रकार के संबंध होने से इनकार किया था। तीन साल बाद उनके होटल से आरोपी की गिरफ्तारी होने पर फिर से दोनों के संबंध को लेकर चर्चा शुरू हो गयी हैं। 8 नवंबर 2014 को पेंडारी के कैंसर अस्पताल में नसबंदी शिविर लगाया गया था। इसमें डॉ. आरके गुप्ता ने 85 महिलाओं का ऑपरेशन करने के बाद सिप्रोसीन और आईब्रोफेन दवा देकर छोड़ दिया। महावर फार्मा व कविता फार्मा के डायरेक्टरों ने इस अमानक दवा को सप्लाई किया था। घर में दवा खाने के बाद महिलाओं की स्थिति खराब होने लगी। उल्टी के साथ चक्कर आने की शिकायत पर पीड़ितों को आनन-फानन में सिम्स लाया गया। उपचार के दौरान 13 महिलाओं की मौत हो गयी थी, वहीं अन्य महिलाएं गंभीर रूप से बीमार हो गयी थीं।








