Jul 20, 2017
धमतरी : छत्तीसगढ़ सूबे में कई ऐसे मंत्री हैं जो भीड़ में वाहवाही बटोरने के लिये कई बड़े घोषणाएं कर देते हैं। जिसे सुन कर मौजूद भीड़ जमकर ताली बजाते हैं और जिदांबाद के जमकर नारे लगाते हैं। लेकिन सालों बीत जाने के बाद भी मंत्री और नेताओं द्वारा किये गए घोषणाओं में अमल नहीं हो पाता।
जिसका उदाहरण धमतरी में देखने को मिला। जहां साल 2014 में जिले की प्रभारी मंत्री रमशीला साहू ने देमार गांव के एक कार्यक्रम में 20 लाख की समरसता भवन बनाने की घोषणा की थी। लेकिन तीन साल बीत जाने के बाद भी एक पैसा गांव में नहीं आया हैं। जिसकी शिकायत ग्रामीणों ने एक बार फिर मंत्री रमशीला साहू से की हैं। वही मंत्री के इस रवैये से ग्रामीणों में काफी आक्रोश देखने को मिल रहा हैं।
दरअसल 26 जून 2014 को देमार ग्राम पंचायत में किसान सम्मान समारोह का कार्यक्रम रखा गया था। जिसमें बतौर मुख्य अतिथि के रूप में जिले की प्रभारी मंत्री रमशीला साहू पहुंची थी। इस दौरान गांव के लोगों ने मंत्री को बताया कि गांव में एक भी समुदायिक भवन नहीं हैं। जिससे गांव के लोगों को बहुत परेशानी होती हैं। जिसके चलते ग्रामीणों ने मंत्री से एक अटल समरसता भवन की मांग की। वही मंत्री ने तत्काल इस भवन के लिये मंच से 20 लाख रुपए की घोषणा कर दी। तीन साल बीत गये लेकिन अब तक एक रुपए भी पंचायत को नहीं मिला हैं। जिसकी असल वजह हैं मंत्री रमशिला साहू और मंत्री अजय चंद्राकर के बीच तालमेल की कमी होना।
ग्रामीणों की माने तो इसकी शिकायत मंत्री रमशीला साहू से कर चुके हैं, लेकिन मंत्री उन्हें हर बार पंचायत मंत्री अजय चंद्राकर से जाकर मिलने को कहती हैं। अब ऐसे में ग्रामीण दुविधा में फंस गये हैं कि घोषणा मंत्री रमशीला साहू ने की हैं तो वे मंत्री अजय चंद्राकर से जाकर कैसे मिले। बहरहाल मंत्री भवन के लिये राशि जल्द स्वीकृत करवाने की बात कह रही हैं।








